इंदिरा गांधी: भारत की पहली महिला प्रधानमंत्री के प्रमुख तथ्य
इंदिरा गांधी के प्रमुख तथ्य: बचपन की "वानर सेना", 1966 में प्रधानमंत्री, बैंकों का राष्ट्रीयकरण, 1971 का युद्ध, पोखरण, आपातकाल, वापसी और 31 अक्टूबर 1984।
रोहित टंडन · 27 अक्टूबर 2026 · 4 मिनट
इंदिरा गांधी भारत की पहली और अब तक की एकमात्र महिला प्रधानमंत्री थीं। लगभग 16 साल तक देश की बागडोर सँभालने वाली इंदिरा गांधी के फ़ैसलों ने भारत की राजनीति, अर्थव्यवस्था और दुनिया में उसकी छवि पर गहरा असर डाला — कुछ फ़ैसलों की आज भी सराहना होती है, तो कुछ पर आज भी बहस होती है। यहाँ उनके जीवन के प्रमुख तथ्य दिए गए हैं।
इंदिरा गांधी एक नज़र में
| बात | जानकारी |
|---|---|
| जन्म | 19 नवंबर 1917, इलाहाबाद (आनंद भवन) |
| पूरा नाम | इंदिरा प्रियदर्शिनी गांधी (विवाह से पहले नेहरू) |
| माता-पिता | कमला नेहरू और जवाहरलाल नेहरू |
| प्रधानमंत्री | 1966–1977 और 1980–1984 |
| सम्मान | भारत रत्न (1971) — यह सम्मान पाने वाली पहली महिला |
| निधन | 31 अक्टूबर 1984, नई दिल्ली |
शुरुआती जीवन
इंदिरा का बचपन स्वतंत्रता आंदोलन के माहौल में बीता। बचपन में उन्होंने बच्चों की "वानर सेना" बनाई, जो आंदोलनकारियों तक संदेश पहुँचाने जैसे छोटे काम करती थी। उन्होंने शांतिनिकेतन में विश्व-भारती और फिर इंग्लैंड के ऑक्सफ़र्ड में पढ़ाई की। 1942 में उनका विवाह फ़िरोज़ गांधी से हुआ। उनके पिता जवाहरलाल नेहरू के प्रधानमंत्री रहते वे उनकी सहयोगी रहीं — नेहरू के बारे में पढ़ें जवाहरलाल नेहरू के 10 प्रमुख तथ्य।
प्रधानमंत्री के रूप में बड़े फ़ैसले
- 1966: लाल बहादुर शास्त्री के निधन के बाद 24 जनवरी 1966 को प्रधानमंत्री बनीं।
- 1969 — बैंकों का राष्ट्रीयकरण: 14 बड़े निजी बैंकों का राष्ट्रीयकरण किया गया, ताकि बैंक गाँवों और किसानों तक पहुँचें।
- 1971 — "ग़रीबी हटाओ" और युद्ध: इस नारे के साथ चुनाव जीता; उसी साल पाकिस्तान से युद्ध में भारत की निर्णायक जीत हुई और बांग्लादेश बना।
- 1974 — पोखरण: 18 मई 1974 को राजस्थान के पोखरण में भारत का पहला परमाणु परीक्षण हुआ।
- हरित क्रांति: उनके कार्यकाल में खेती में नई तकनीकें फैलीं और भारत अनाज में आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ा।
उनके दौर की कुछ और घटनाएँ
- 1972: पाकिस्तान के साथ शिमला समझौता हुआ।
- 1975: सिक्किम भारत का 22वाँ राज्य बना, और भारत का पहला उपग्रह आर्यभट अंतरिक्ष में भेजा गया।
- 1982: नई दिल्ली में नौवें एशियाई खेल हुए, और उसी साल भारत में रंगीन टेलीविज़न प्रसारण शुरू हुआ।
- 1983: नई दिल्ली में गुटनिरपेक्ष आंदोलन का शिखर सम्मेलन हुआ, जिसकी अध्यक्षता उन्होंने की।
आपातकाल और वापसी
1975 में इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने उनके चुनाव को रद्द कर दिया। इसके बाद 25 जून 1975 को देश में आपातकाल लगा दिया गया, जो 21 मार्च 1977 तक चला। इस दौरान नागरिक अधिकार सीमित रहे, विपक्षी नेताओं को जेल में डाला गया और प्रेस पर सेंसरशिप लगी। आपातकाल को भारतीय लोकतंत्र के सबसे विवादित दौर में गिना जाता है। 1977 के चुनाव में उनकी पार्टी हार गई, लेकिन 1980 में वे भारी बहुमत से फिर प्रधानमंत्री बनीं।
क्या आप जानते हैं? 1984 में जब राकेश शर्मा अंतरिक्ष जाने वाले पहले भारतीय बने, तो प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने उनसे पूछा कि अंतरिक्ष से भारत कैसा दिखता है। उनका जवाब था — "सारे जहाँ से अच्छा"। पढ़ें गगनयान: भारत का मानव अंतरिक्ष मिशन।
31 अक्टूबर 1984
जून 1984 में पंजाब में उग्रवाद से निपटने के लिए अमृतसर के स्वर्ण मंदिर परिसर में "ऑपरेशन ब्लू स्टार" सैन्य कार्रवाई हुई। इसके कुछ महीनों बाद, 31 अक्टूबर 1984 को नई दिल्ली में उनके ही दो अंगरक्षकों ने उनकी हत्या कर दी। उनकी पुण्यतिथि को "राष्ट्रीय संकल्प दिवस" के रूप में याद किया जाता है।
मुख्य बिंदु
- इंदिरा गांधी भारत की पहली महिला प्रधानमंत्री थीं।
- 1969 में 14 बड़े बैंकों का राष्ट्रीयकरण हुआ।
- 1971 के युद्ध के बाद बांग्लादेश बना।
- 1975 से 1977 तक देश में आपातकाल रहा।
- 31 अक्टूबर 1984 को उनकी हत्या हुई।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
इंदिरा गांधी पहली बार प्रधानमंत्री कब बनीं?
24 जनवरी 1966 को, लाल बहादुर शास्त्री के निधन के बाद।
भारत में आपातकाल कब लगा?
25 जून 1975 को; यह 21 मार्च 1977 तक चला।
पूरा परिचय: इंदिरा गांधी की प्रोफ़ाइल · और लेख: व्यक्तित्व।
स्रोत
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